Singer: Fujii Kaze
|
Song: You
Fujii Kaze - You Lyrics (LRC Advanced) (04:41-281-0-hi) (PARTIAL PREVIEW)
......................................................................
........ USE THE BUTTONS BELOW TO GET FULL LYRICS & SUBTITLES ........
......................................................................
[00:24.48]जानेमन, तुम्हें बैठकर रोने की ज़रूरत नहीं है
[00:27.32]
[00:27.57]तुम्हें मुस्कुराते नहीं देखकर दिल टूट जाता है
[00:30.99]
[00:31.24]मैं सोचने लगता हूँ कि तुम दुखी क्यों हो
[00:34.70]
[00:35.12]इतनी ज़्यादा
[00:37.45]
[00:37.70]जानेमन अब तुम यहाँ मेरे साथ हो
[00:40.16]
[00:40.42]मैं तसल्ली से सुनूँगा कि तुम्हें कैसा महसूस हो रहा है
[00:43.79]
[00:44.04]तुम कभी अकेली नहीं रहोगी
[00:47.51]
[00:47.88]दर्द हमेशा नहीं रहेगा
[00:50.84]
[00:51.30]ओह, तुम्हें जो कुछ भी चाहिए
[00:55.72]
[00:55.97]वो ठीक तुम्हारी आत्मा के अंदर है
[00:59.94]
[01:00.48]और कोई भी
[01:01.69]
[01:01.94]तुम्हें और नहीं तोड़ सकता है
[01:05.90]
[01:06.90]चाहे वे कितनी ही कोशिश कर लें
[01:09.74]
[01:09.99]तुम बस अपने अंदर झाँककर जान जाओगी
[01:13.32]
[01:13.57]कि तुम एकदम दिव्य हो
[01:16.49]
[01:16.74]तुम
[01:17.62]
[01:17.87]अनंत सूरज और चाँद हो
[01:20.79]
[01:21.08]मैं देख सकता हूँ कि तमाम सितारे तुम्हारा सम्मान करते हैं
[01:24.04]
[01:24.50]तुम तमाम रोशनियों से ज़्यादा तेज़ चमक रही हो
[01:27.21]
[01:27.46]मैं तुम्हारी आँखों में देख सकता हूँ
[01:30.17]
[01:30.67]तुम जो कुछ भी चाहती हो वह तुम्हारे अंदर है
[01:33.64]
[01:33.88]और तुम्हें जिस सबका इंतज़ार था
[01:35.76]
[01:36.01]वह तुम्हारे अंदर है
[01:36.97]
[01:37.26]तुम कभी मत भूलना
[01:38.52]
[01:38.76]इस दुनिया में और कोई नहीं है
[01:44.23]
[01:45.31]पर केवल तुम हो
[01:47.77]
[01:48.48]तुम हो
[01:50.44]
[01:51.15]केवल तुम ही हो
[01:53.61]
[01:54.36]जानेमन तुम प्यार की मिट्टी से बनी हो
[01:57.16]
[01:57.45]तुम्हें बस खुलना होगा
[02:00.58]
[02:00.87]मैं तुम्हारे अंदर की रोशनी देख सकता हूँ
[02:03.83]
[02:04.08]अपने सबसे चमकीले सच को बाहर आने दो
[02:07.46]
[02:07.71]जैसे कि तुम कौन हो
[02:09.55]
[02:09.80]ये तुम्हारे दिल में है
[02:11.26]
[02:11.72]और क्या होने वाला है जो तुम्हारे सपनों से कहीं ज़्यादा है
[02:14.22]
[02:14.47]मैं कभी दूर नहीं जाऊँगा
[02:15.80]
[02:16.05]अनंत तक इसे गाता रहूँगा
[02:17.47]
[02:17.72]बार-बार
[02:20.18]
[02:21.06]ओह, तुम्हें जो कुछ भी चाहिए
[02:25.35]
[02:25.60]वो ठीक तुम्हारी आत्मा के अंदर है
[02:29.57]
[02:30.07]और कोई भी
[02:31.19]
[02:31.44]तुम्हें और नहीं तोड़ सकता है
[02:36.41]
[02:36.70]चाहे वे कितनी ही कोशिश कर लें
[02:39.37]
[02:39.62]तुम अपने अंदर झाँककर जान जाओगी
[02:42.87]
[02:43.12]कि तुम एकदम दिव्य हो
[02:46.08]
[02:46.50]तुम
[02:47.25]
[02:47.50]अनंत सूरज और चाँद हो
[02:50.46]
[02:50.71]मैं देख सकता हूँ कि तमाम सितारे तुम्हारा सम्मान करते हैं
[02:53.63]
[02:53.88]तुम तमाम रोशनियों से ज़्यादा तेज़ चमक रही हो
[02:56.84]
[02:...........
......................................................................
......................................................................
........ USE THE BUTTONS BELOW TO GET FULL LYRICS & SUBTITLES ........
......................................................................
......................................................................